दिवाली पर प्रदूषण को रोकने के लिए राजस्थान सरकार ने नई गाइडलाइन जारी की है। राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (NCR) के 5 जिलों में केवल 2 दिन ही पटाखे चलाने की छूट होगी।

छूट भी केवल तीन घंटे के लिए ही मिलेगी। इन जिलों में केवल सर्टिफाइड ग्रीन पटाखे चलाने की अनुमति होगी। इनके अलावा दूसरे पटाखों पर पूरी तरह रोक रहेगी।

QR कोड देखकर ही खरीद सकेंगे पटाखे

ग्रीन पटाखों के हर पैकेट पर QR कोड होना जरूरी है। इसे स्कैन करने पर पटाखे के निर्माता, सर्टिफिकेशन और लाइसेंस से जुड़ी जानकारी मिलेगी।

बिना QR कोड वाले पटाखों की बिक्री नहीं हो सकेगी। पटाखे केवल तय दुकानों से ही बेच सकेंगे। ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर पटाखे बेचने पर भी रोक रहेगी।

अवैध पटाखों की बिक्री पर होगी कार्रवाई

जिला कलेक्टर और पुलिस अधिकारियों को अवैध पटाखों की बिक्री, स्टॉक और सप्लाई रोकने के निर्देश दिए गए हैं। इसके लिए विशेष टीमें बनाई जाएगी, जो दुकानों और गोदामों की जांच करेंगी।

दिल्ली-एनसीआर में आने वाले वाहनों की भी चेकिंग होगी। नियम तोड़ने पर पटाखे जब्त करने के साथ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।


पॉल्यूशन कंट्रोल बोर्ड करेगा निगरानी

राजस्थान पॉल्यूशन कंट्रोल बोर्ड और संबंधित जिला कार्यालय दिवाली के दौरान और इसके बाद रोजाना प्रदूषण के स्तर की जांच करेंगे।

इसकी रिपोर्ट भी तैयार की जाएगी। नियमों का उल्लंघन करने वाले लोगों, दुकानदारों और पटाखा बनाने वालों के खिलाफ पर्यावरण संरक्षण कानून के तहत कार्रवाई होगी।