उन्होंने अधिकारी के घर को गोबर से भरने और हजारों समर्थकों के साथ प्रदर्शन करने की चेतावनी दी थी। मामला प्रीतम लोधी के बेटे दिनेश द्वारा 16 अप्रैल को थार गाड़ी से पांच लोगों को जानबूझकर टक्कर मारने का है। इसमें कुछ लोग घायल हो गए। जब पुलिस ने कार्रवाई शुरू की तो प्रीतम लोधी ने डा. आयुष जाखड़ को सीधे तौर पर धमकी दी। उन्होंने एक वीडियो में कहा, "अपनी औकात में रहो... क्या करैरा तुम्हारे 'डैडी' का है?" टक्कर मारने के बाद दिनेश से जब पुलिस ने पूछताछ की तो उसने यह भी कहा था कि "मेरा बाप विधायक है, मर्डर भी निपटा लेगा, तुम लोग घर जाओ।"
बता दें, भाजपा का प्रदेश नेतृत्व प्रीतम लोधी के मामले में कार्रवाई करने से हिचक रहा था। इस बीच मंगलवार को पार्टी के केंद्रीय नेतृत्व द्वारा इस मामले पर रिपोर्ट मांगी गई थी। केंद्र और राज्य के आइपीएस एसोसिएशन ने भी निंदा की थी। प्रीतम लोधी का विवादों और निष्कासन से पुराना नाता रहा है। वे पहले भी भाजपा से निष्कासित किए जा चुके हैं। 19 अगस्त, 2022 को भाजपा ने उन्हें छह साल के लिए पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से निष्कासित कर दिया था।
यह कार्रवाई उनके द्वारा ब्राह्मण समाज और महिलाओं के विरुद्ध की गई अमर्यादित टिप्पणियों के कारण हुई थी। शिवपुरी जिले के बदरवास में एक कार्यक्रम के दौरान उन्होंने ब्राह्मणों पर धर्म के नाम पर लोगों को मूर्ख बनाने और लूटने के गंभीर आरोप लगाए थे। उनके विरुद्ध पहले से ही कई आपराधिक मामले दर्ज हैं। अब वर्तमान मामले में पार्टी उनके जवाब का इंतजार कर रही है, जिसके बाद आगामी कार्रवाई तय की जाएगी।