तुर्की के सामने संबंध साधने की चुनौती
यूके के बर्मिंघम विश्वविद्यालय के विषेशज्ञ उमर करीम का कहना है कि तुर्की को रियाद के साथ किसी भी सुलह को अन्य क्षेत्रीय प्रतिद्वंद्वियों के साथ संबंधों के साथ संतुलित करते हुए चलना है। इस यात्रा में यह साफ हो जाएगा कि यूएई के साथ प्रतिद्वंद्विता और इजरायल से सुरक्षा खतरे में सऊदी अरब को तुर्की से क्या भरोसा मिलेगा।अक्टूबर 2018 में इस्तांबुल में सऊदी वाणिज्य दूतावास के अंदर सऊदी एजेंटों के जमाल खशोगी की हत्या के बाद रियाद और तुर्की के बीच संबंध बहुत ज्यादा तनावपूर्ण हो गए थे। दोनों देशों के रिश्ते में उस समय काफी तनातनी देखी गई थी लेकिन बीते दो साल में रिश्ते फिर से पटरी पर आ रहे हैं।
