स्थानीय लोगों में भी भ्रम
हालांकि अभी गंगा एक्सप्रेस-वे का कार्य पूरी तरह समाप्त नहीं हुआ है और न ही इसका औपचारिक उद्घाटन हुआ है, लेकिन इसके नीचे से गुजरने वाले सहसवान–बिसौली मार्ग पर यह समस्या लगातार सामने आ रही है। स्थानीय लोगों का कहना है कि गलत दिशा सूचक बोर्डों के चलते रोजाना लोग रास्ता पूछते नजर आते हैं।बाहरी यात्री या तो स्थानीय लोगों से रास्ता पूछने को मजबूर हैं या फिर मोबाइल मैप का सहारा लेकर अपने गंतव्य तक पहुंच पा रहे हैं। इन बोर्डों को लेकर अब लोग व्यंग्य में कहने लगे हैं, ऐ-भाई जरा देख कर चलो, आगे ही नहीं पीछे भी, दाएं भी नहीं बाएं भी!
