तीसरी वजह: कांग्रेस की परछाईं से बाहर नहीं निकल पाई
महाराष्ट्र के बाहर NCP की पहचान अक्सर कांग्रेस की B-Team के रूप में बनी रही। राजस्थान में जहां कांग्रेस पहले से मजबूत संगठन और नेतृत्व के साथ मौजूद है, वहां NCP खुद को एक अलग विकल्प के तौर पर पेश नहीं कर पाई। वोटर का सीधा तर्क रहा कि जब कांग्रेस है ही, तो एनसीपी क्यों? इसके उलट BSP ने खुद को हमेशा कांग्रेस और बीजेपी दोनों से अलग तीसरे विकल्प के रूप में पेश किया।
